Ranchi: शहर में साइबर अपराधियों ने एक बार फिर नया तरीका अपनाते हुए बड़ी ठगी को अंजाम दिया है। टाटीसिलवे निवासी पॉल तिग्गा के खाते से 4 लाख 28 हजार रुपये फर्जी तरीके से निकाल लिए गए। यह ठगी एक फर्जी RTO चालान APK लिंक के जरिए की गई, जिसे पीड़ित को व्हाट्सएप ग्रुप पर भेजा गया था।
व्हाट्सएप ग्रुप में भेजा गया फर्जी “RTO चालान” APK
पीड़ित पॉल तिग्गा ने बताया कि उन्हें व्हाट्सएप ग्रुप में “RTO चालान” नाम से एक संदिग्ध APK फाइल भेजी गई। इसे असली चालान समझते हुए उन्होंने लिंक को खोल लिया और इंस्टॉल कर लिया। ऐप इंस्टॉल होते ही उनके बैंक खाते से रकम धीरे-धीरे निकलने लगी।
पीड़ित को खाते से पैसे कटने का पता चला तो उन्होंने तुरंत बैंक और पुलिस को इसकी जानकारी दी।
साइबर थाने में शिकायत दर्ज, जांच शुरू
घटना की लिखित शिकायत रांची साइबर थाना में दर्ज की गई है। शिकायत मिलने के बाद साइबर सेल की टीम तकनीकी आधार पर मामले की जांच में जुट गई है। टीम यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि संदिग्ध लिंक किस स्रोत से भेजा गया था और अपराधियों का ठिकाना कहां है।
लोगों को सावधान रहने की अपील
साइबर विशेषज्ञ लगातार सलाह देते रहे हैं कि—
- किसी भी अंजान लिंक या APK फाइल को इंस्टॉल न करें,
- व्हाट्सएप या सोशल मीडिया पर आए RTO चालान, बैंक अपडेट, KYC लिंक से सतर्क रहें,
- केवल सरकारी वेबसाइट या ऐप से ही जानकारी प्राप्त करें।
Also Read: गोवा नाइट क्लब अग्निकांड में झारखंड के तीन युवकों की मौत, रांची एयरपोर्ट पर पहुंचे शव






