झारखंड में बढ़ी ठंड: क्रिसमस पर कोहरा, शीतलहर और तापमान में गिरावट

By Neha

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झारखंड में बढ़ी ठंड: क्रिसमस पर कोहरा, शीतलहर और तापमान में गिरावट

रांची: उत्तर भारत में लगातार हो रही बर्फबारी और अफगानिस्तान की ओर से आ रही ठंडी हवाओं का प्रभाव अब झारखंड में भी साफ दिखने लगा है। इसी वजह से राज्य के मौसम में लगातार बदलाव हो रहा है और तापमान में उतार-चढ़ाव की स्थिति बनी हुई है।

क्रिसमस के दिन कोहरा और शीतलहर का अलर्ट

मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, 25 दिसंबर यानी क्रिसमस के दिन रांची समेत राज्य के 12 जिलों—पलामू, गढ़वा, चतरा, कोडरमा, लातेहार, लोहरदगा, गुमला, खूंटी, रामगढ़, हजारीबाग और बोकारो—में सुबह के समय घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। इन इलाकों में शीतलहर चलने की भी आशंका जताई गई है।

ठंडी हवा से बढ़ेगी कनकनी

लगातार ठंडी हवाओं के कारण लोगों को तेज कनकनी का सामना करना पड़ सकता है। मौसम विभाग का कहना है कि न्यूनतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट हो सकती है। यह स्थिति 26 दिसंबर को भी जारी रहने की संभावना है।

न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट

बुधवार को राजधानी रांची सहित मेदिनीनगर और बोकारो में न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई। रांची का न्यूनतम तापमान 8.5 डिग्री सेल्सियस रहा, जो पिछले 24 घंटे की तुलना में एक डिग्री कम है। मेदिनीनगर में न्यूनतम तापमान 6.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जिसमें 1.4 डिग्री की कमी आई। वहीं बोकारो में न्यूनतम तापमान 8.2 डिग्री सेल्सियस रहा, जो 24 घंटे में 1.3 डिग्री घटा है।

राज्य में सबसे ठंडे इलाके

सोमवार को गुमला राज्य का सबसे ठंडा जिला रहा, जहां न्यूनतम तापमान 3.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं रांची के कांके इलाके में तापमान 4.0 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था।

विजिबिलिटी घटी, परिवहन सेवाएं प्रभावित

घने कोहरे के कारण विजिबिलिटी में भी भारी कमी आई है। बुधवार को रांची और जमशेदपुर में विजिबिलिटी 500 मीटर दर्ज की गई, जबकि देवघर में यह घटकर 400 मीटर रह गई। कम विजिबिलिटी और घने कुहासे के चलते रेल और हवाई सेवाओं पर भी असर पड़ा है।

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